अगर आपने इस साल इनकम टैक्स रिटर्न (ITR Filing 2025) भरते समय कोई गलती कर दी है—जैसे गलत आंकड़े, छूटे हुए इनकम डिटेल्स या कोई अन्य जानकारी—तो चिंता करने की जरूरत नहीं है। आयकर विभाग आपको रिवाइज्ड रिटर्न फाइल करने का विकल्प देता है, जिससे आप अपनी गलती को समय रहते सुधार सकते हैं।
इस साल ITR फाइल करने की आखिरी तारीख 16 सितंबर 2025 थी। कई टैक्सपेयर्स ने समय पर रिटर्न फाइल किया, लेकिन बाद में उन्हें पता चला कि कुछ जानकारी गलत दर्ज हो गई है या कोई दस्तावेज़ छूट गया है। ऐसे मामलों में रिवाइज्ड इनकम टैक्स रिटर्न (Revised ITR) एक आसान और सुरक्षित तरीका है।
रिवाइज्ड ITR की अंतिम तारीख क्या है?
इनकम टैक्स कानून के अनुसार, आप असेसमेंट ईयर खत्म होने से पहले तक रिवाइज्ड रिटर्न फाइल कर सकते हैं। यानी वित्त वर्ष 2024–25 के लिए आप 31 दिसंबर 2025 तक रिवाइज्ड ITR भर सकते हैं। यही तारीख बिलेटेड रिटर्न फाइल करने की भी अंतिम सीमा है।
क्या रिवाइज्ड रिटर्न पर कोई जुर्माना लगता है?
नहीं। रिवाइज्ड ITR फाइल करने पर आपको कोई अतिरिक्त शुल्क या पेनाल्टी नहीं देनी होती। आप एक से अधिक बार भी रिवाइज्ड रिटर्न फाइल कर सकते हैं, जब तक कि डेडलाइन के भीतर हों।
क्या रिफंड के बाद भी सुधार संभव है?
हां। अगर आपका रिफंड प्रोसेस हो चुका है और बाद में आपको कोई गलती पता चलती है, तो भी आप रिवाइज्ड रिटर्न फाइल कर सकते हैं। इससे आपकी फाइलिंग रिकॉर्ड में सुधार हो सकता है।
वेरिफिकेशन जरूरी है
रिवाइज्ड ITR फाइल करने के बाद आपको 30 दिन के भीतर उसका वेरिफिकेशन करना होता है। यह प्रक्रिया बिल्कुल उसी तरह होती है जैसे मूल ITR के साथ की जाती है—आप इसे ई-वेरिफाई कर सकते हैं या फिजिकल साइन करके भेज सकते हैं।
(डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। निवेश या टैक्स से जुड़े निर्णय लेने से पहले किसी प्रमाणित सलाहकार से सलाह लेना उचित रहेगा।)

